खजुराहो एयरपोर्ट बना देश का नंबर-1, लेकिन उड़ानें ‘जीरो’; किस बात का जश्न मना रही व्यवस्था?

Khajuraho Airport Ground Report: खजुराहो एयरपोर्ट को लेकर ग्राउंड रिपोर्ट में बड़ा खुलासा हुआ है. सरकार इस एयरपोर्ट को नंवर वन कहती है.

खजुराहो एयरपोर्ट बना देश का नंबर-1, लेकिन उड़ानें 'जीरो'; किस बात का जश्न मना रही व्यवस्था?
खजुराहो एयरपोर्ट बना देश का नंबर-1, लेकिन उड़ानें 'जीरो'; किस बात का जश्न मना रही व्यवस्था?
  • धीरेंद्र गुप्ता

Khajuraho Airport Ground Report: मध्य प्रदेश के विश्व प्रसिद्ध पर्यटन शहर खजुराहो से एक ऐसा विरोधाभास सामने आया है, जिसने एयरपोर्ट प्रबंधन और विमानन व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) के ताजा कस्टमर सेटिस्फैक्शन इंडेक्स (CSI) में खजुराहो एयरपोर्ट को देश का नंबर-1 एयरपोर्ट घोषित किया गया है.

हैरानी की बात यह है कि जुलाई और अगस्त महीने में यहां से एक भी कमर्शियल फ्लाइट संचालित नहीं हो रही है. सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या सरकार और विमानन कंपनियां खजुराहो को सिर्फ पुरस्कार दिलाने तक सीमित रखेंगी, या फिर देश के नंबर-1 एयरपोर्ट को नंबर-1 कनेक्टिविटी भी दिलाएंगी?

यात्री किस सेवा से संतुष्ट?

यानी देश का सबसे संतुष्ट एयरपोर्ट, लेकिन यात्रियों के लिए उड़ान ही नहीं. सवाल यह है कि जब विमान ही नहीं उड़ रहे, तो आखिर यात्री किस सेवा से संतुष्ट हैं? खजुराहो जैसा विश्व धरोहर पर्यटन स्थल वर्षों से बेहतर एयर कनेक्टिविटी की मांग कर रहा है. होटल व्यवसायी, पर्यटन उद्योग और स्थानीय लोग लगातार नियमित उड़ानों की मांग उठाते रहे हैं, लेकिन हालात यह हैं कि एयरपोर्ट की चमक बरकरार है और रनवे सूना पड़ा है.

लोगों का क्या कहना है?

लोगों का मानना है कि यह उपलब्धि साफ-सफाई, सुविधाओं और प्रबंधन का प्रमाण हो सकती है, लेकिन जब एयरपोर्ट से उड़ानें ही नहीं होंगी, तो पर्यटन, व्यापार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को इसका क्या लाभ मिलेगा?

खजुराहो एयरपोर्ट के डायरेक्टर ने क्या कहा? 

खजुराहो एयरपोर्ट के निदेशक संतोष सिंह ने कहा- ” खजुराहो का एक बार फिर नंबर बन बनना पर पूरे स्टाफ की मेहनत और यात्रियों के विशवास का फल है. यात्री सुविधाओं, स्वच्छता, सुरक्षा व्यवस्था और सेवा की गुणवत्ता के आधार पर खजुराहो नंबर बन गया है.”

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कहां-कहां से उड़ानें बंद?

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस वक्त खजुराहो हवाई अड्डे से एक भी फ्लाइट नहीं है. पहले इस एयरपोर्ट से दिल्ली और वाराणसी के लिए उड़ाने थीं लेकिन वो भी बंद हो गईं. स्थानीय लोग सवाल कर रहे हैं कि जब इस एयरपोर्ट से एक भी फ्लाइट नहीं है, तो नंबर वन का टैक क्यों?

90 करोड़ की लागत से बना था नया टर्मिनल 

खजुराहो एयरपोर्ट की की स्थापना 1978 में हुई थी. विश्व धरोहर स्थल के पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए खोला गया था. नए टर्मिनल का उद्घाटन साल 2016 में 90 करोड़ की लागत से किया गया था.

Last Updated on July 29, 2026 12:47 pm

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