Uttar Pradesh Thunderstorm: उत्तर प्रदेश में शुक्रवार रात आए तेज आंधी-तूफान और भारी बारिश ने व्यापक तबाही मचाई। राज्य के विभिन्न जिलों में हुई अलग-अलग घटनाओं में कम से कम 28 लोगों की मौत हो गई। अधिकांश लोगों की जान मकान ढहने, पेड़ गिरने, बिजली के खंभे टूटने और अन्य हादसों में गई।
सबसे ज्यादा असर प्रदेश के पूर्वी और मध्य जिलों में देखा गया। तेज हवाओं और बारिश के कारण कई इलाकों में घंटों तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। कई स्थानों पर पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ।
बुंदेलखंड क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित इलाकों में रहा, जहां 10 लोगों की मौत दर्ज की गई। हमीरपुर और बांदा जिलों में मकान गिरने से तीन-तीन लोगों की जान गई, जबकि महोबा और उरई में दो-दो लोगों की मौत हुई। कौशांबी जिले में चार लोगों की मौत हुई, जबकि प्रतापगढ़ में एक व्यक्ति की जान गई। आजमगढ़, बलिया और भदोही से भी मौतों की खबरें सामने आईं। कानपुर, चित्रकूट, देवरिया और महाराजगंज जिलों में भी जानमाल का नुकसान हुआ।
सहारनपुर के शाकंभरी देवी क्षेत्र में भारी बारिश के कारण एक नाला उफान पर आ गया। उसे पार करने की कोशिश कर रही दो महिलाओं की डूबने से मौत हो गई।
तूफान का असर रेलवे सेवाओं पर भी पड़ा। कानपुर-उरई और गोरखपुर के चौरी चौरा-गौरी बाजार रेलखंड के बीच ओवरहेड बिजली लाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं, जिसके कारण लगभग 10 घंटे तक रेल यातायात प्रभावित रहा। कई ट्रेनों के संचालन में देरी हुई और यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को अयोध्या में 90 मिमी, प्रयागराज में 61 मिमी, उन्नाव में 59 मिमी, सिद्धार्थनगर में 51 मिमी और सहारनपुर में 32 मिमी बारिश दर्ज की गई। बारिश के कारण तापमान में भी गिरावट आई और कई शहरों को भीषण गर्मी से राहत मिली।
हालांकि मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में भी प्रदेश के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं और बारिश हो सकती है। प्रशासन को सतर्क रहने और प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए गए हैं।
Last Updated on May 31, 2026 8:38 am
