वैष्णो देवी मंदिर में चढ़ाई गई 500 करोड़ की नकली चांदी? कोर्ट ने CBI अफसरों को क्यों बुलाया

Vaishno Devi Temple: वैष्णो माता मंदिर में भक्तों द्वारा चढ़ाए गए चांदी के चढ़ावे में कथित मिलावट, हेरफेर और गबन की संभावना को लेकर जम्मू कोर्ट ने सीबीआई के अफसरों को बुलाया है.

वैष्णो देवी मंदिर में चढ़ाई गई 500 करोड़ की नकली चांदी? कोर्ट ने मांगा जवाब
वैष्णो देवी मंदिर में चढ़ाई गई 500 करोड़ की नकली चांदी? कोर्ट ने मांगा जवाब

Vaishno Devi Temple: देश के प्रसिद्ध मंदिरों में चढ़ावे से जुड़ा नया मामला तकरीबन हर रोज आ रहा है. पहले राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी का मामला सामने आया था, जिसके बाद मंदिर के महासचिव और ट्रस्टी को अपने-अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा. इसके बाद बीते दिनों बद्रीनाथ मंदिर से कथित चढ़ावा चोरी का मामला सामने आया था. इस मामले में पुलिस जांच में इस बात की पुष्टि हुई ही कि आरोपी मंदिर अध्यक्ष का सचिव है. फिर, बुधवार को सोशल मीडिया पर एक वीडिया वायरल हुआ था, जिसमें एक युवक को चढ़ावा गिनते वक्त नोटों की गड्डी छुपाते हुए देखा जा सकता है. मंदिर के चढ़ावे से जुड़ा नया मामला वैष्णो देवी मंदिर (जम्मू-कश्मीर) का बताया जा रहा है.

क्या है मामला?

Indian Express की रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार को जम्मू-कश्मीर की एक अदालत ने J&K पुसिल की क्राइम ब्रांच के जांच अधिकारी को एक आदेश दिया. अदालत ने अधिकारी को माता वैष्णो देवी मंदिर में करीब 500 करोड़ की नकली चांदी चढ़ाने के आरोपों से जुड़े रिकॉर्ड के साथ पेश होने को कहा है.

वैष्णो देवी मंदिर के चढ़ावे में मिलावट और हेर-फेर से जुड़े मामलों को लेकर वकील दीपक शर्मा ने कोर्ट में अर्जी दायर की थी. जिस पर जम्मू के चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट मनीष कुमार मन्हास ने संज्ञान लेते हुए आदेश दिया. इसके साथ ही उन्होंने मामले की अगली सुनवाई के लिए 29 जुलाई की तारीख तय की है.

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कब की गई थी शिकायत?

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वकील दीपक शर्मा ने बीते दिनों जम्मू के क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस, क्राइम ब्रांच के सीनियर सुपरिंटेंडेंट और इकोनॉमिक ऑफेंस विंक को शिकायत दर्ज कराई थी.

शिकायत में कहा गया था कि वैष्णो माता मंदिर में भक्तों द्वारा चढ़ाए गए चांदी के चढ़ावे में कथित मिलावट, हेर-फेर और गबन की संभावना है. साथ ही मामले को लेकर FIR दर्ज कराने के साथ-साथ गहन जांच की मांग की कई. शिकायत इसी साल 9 मई को की गई थी जिसमें धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश, विश्वासघात, गबन, रिकॉर्ड में हेर-फेर का आरोप लगाया गया था.

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क्या है शिकायतकर्ता का आरोप?

मामले को लेकर शिकायतकर्ता ने कहा कि उसने मामले को लेकर कोर्ट का दरवाजा खटखटाया. साथ ही यह भी मांग की कि कार्रवाई की रिपोर्ट दी जाए. इसके अलावा उन्होंने FIR दर्ज करने और मामले की जांच को लेकर सही निर्देश देने की मांग भी की थी.

Last Updated on July 15, 2026 7:09 pm

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